Skip to main content

Surat International Airport: सूरत अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा...

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को सूरत हवाई अड्डे को अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा घोषित करने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी.

* प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 दिसंबर को इस एयरपोर्ट पर एक नए टर्मिनल भवन का उद्घाटन किए.

* सरकार की ओर से जारी एक बयान में कहा गया कि सूरत हवाई अड्डे को अंतरराष्ट्रीय दर्जा देना आर्थिक विकास को बढ़ाने, विदेशी निवेश को आकर्षित करने और राजनयिक संबंधों को मजबूत करने के लिए सर्वोपरि है. इस कदम से सूरत अंतरराष्ट्रीय विमानन परिदृश्य में एक प्रमुख खिलाड़ी बन जाएगा.

* पीएम मोदी ने एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, 'सूरत गतिशीलता, नवीनता और जीवंतता का पर्याय है. सूरत हवाई अड्डे को अंतरराष्ट्रीय दर्जा देने से कनेक्टिविटी और वाणिज्य को बढ़ावा मिलेगा. और, यह दुनिया को सूरत के अद्भुत आतिथ्य, विशेष रूप से व्यंजनों और पकवानों की खोज करने का अवसर देगा'.

* पिछले साल केंद्र सरकार ने सूरत एयरपोर्ट पर नए टर्मिनल भवन के लिए ₹353 करोड़ की मंजूरी दी थी. जबकि 4-स्टार GRIHA (इंटीग्रेटेड हैबिटेट असेसमेंट के लिए ग्रीन रेटिंग) रेटेड टर्मिनल ₹160 करोड़ की लागत से बनकर तैयार हुआ है

* शेष स्वीकृत राशि का उपयोग हवाई अड्डे पर एक एप्रन (या रैंप) और एक समानांतर टैक्सी ट्रैक बनाने के लिए किया जाएगा.

* नया टर्मिनल एयरपोर्ट की यात्री क्षमता 17.5 लाख से बढ़ाकर 20.6 लाख कर देगा.

* यह पीक ऑवर्स के दौरान एक समय में 1800 यात्रियों को संभालने में सक्षम होगा.

* नई इमारत में 20 चेक-इन काउंटर, पांच एयरोब्रिज, 13 इमिग्रेशन काउंटर और पांच बैगेज कैरोसेल होंगे.

* सूरत हवाई अड्डे पर चार पहिया वाहनों, टैक्सियों, बसों, दोपहिया वाहनों के लिए एक विशाल पार्किंग क्षेत्र और कर्मचारियों और वीआईपी के लिए एक समर्पित पार्किंग भी बनाया गया है. 

* नए पार्किंग स्थल में रिक्शों के लिए स्थान दिया गया है, जिससे यात्रियों के लिए पहुंच और सुविधा बढ़ गई है.

* एयर इंडिया एक्सप्रेस ने एक बयान में कहा कि वह सूरत से अंतरराष्ट्रीय उड़ानें पेश करने वाली देश की पहली एयरलाइन होगी.

* यूनियन सिविल एविएशन मिनिस्टर ज्योतिरादित्य सिंधिया ने सूरत एयरपोर्ट को इंटरनेशनल दर्जा मिलने पर कहा, 'नागर विमानन में एक और ऐतिहासिक दिन जब कैबिनेट के निर्णय से सूरत हवाईअड्डे को इंटरनेशनल एयरपोर्ट का दर्जा प्राप्त हुआ. ये प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृढ़ संकल्प का ही परिणाम है जिसकी वजह से डायमंड इंडस्ट्री के लिए प्रसिद्ध सूरत को इंटरनेशनल मार्केट तक पहुंच प्राप्त होगी'.

* बता दें कि सूरत एयरपोर्ट एक्शन कमेटी ने पत्र लिख कर शहर के हवाई अड्‌डे का नाम नरेंद्र मोदी इंटरनेशन एयरपोर्ट करने की मांग की है.

* सूरत एयरपोर्ट एक्शन कमेटी ने यह पत्र प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) को भेजा है. डायमंड सिटी को अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्‌डा दिलाने में सूरत एयरपोर्ट एक्शन कमेटी ने काफी संघर्ष किया था.

PREVIOUS VIDEO:

पुलिस कांस्टेबल द्वारा महिला के साथ अभद्रता और गाली गलौज करते वीडियो वायरल #Video

NEXT VIDEO:

नहीं चाहिए सरकारी छूट, बंद हो बिजली विभाग की लूट. | Electricity | UP News | Corruption


Comments

Popular posts from this blog

कागज़ की किताबें या “सोने-चांदी” का कारोबार ? शिक्षा माफियाओं की मनमानी पर सवाल

अभिभावकों की जेब पर बढ़ता बोझ, निजी स्कूलों, प्रकाशकों की सांठगांठ पर उठे गंभीर प्रश्न सुल्तानपुर       जिले में शिक्षा के बढ़ते व्यवसायीकरण को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। स्कूलों में इस्तेमाल होने वाली पाठ्यपुस्तकों की कीमतों को लेकर अभिभावकों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। आम धारणा बनती जा रही है कि कागज़ से छपने वाली इन किताबों के दाम ऐसे वसूले जा रहे हैं, मानो वे “सोने-चांदी” से तैयार की गई हों। स्थानीय स्तर पर कई अभिभावकों का कहना है कि हर साल नए सत्र में स्कूलों द्वारा निर्धारित की गई किताबें केवल चुनिंदा दुकानों पर ही उपलब्ध होती हैं, जहां उनकी कीमत बाजार दर से कहीं अधिक होती है। इससे यह संदेह गहराता है कि स्कूल प्रबंधन और प्रकाशकों के बीच किसी प्रकार की मिलीभगत है। विशेषज्ञों के अनुसार, अच्छी गुणवत्ता वाली मोटी किताब छापने की वास्तविक लागत इतनी अधिक नहीं होती,जितनी कीमतपाठ्य पुस्तकों की कीमत छात्रों से वसूली जाती है। इसके बावजूद, अभिभावकों को मजबूरन वही किताबें खरीदनी पड़ती हैं, क्योंकि स्कूलों में अन्य विकल्प स्वीकार नहीं किए जाते। शिक्षा माफियाओं का जाल? ...

चढ़ावे की चोरी का पैसा जमीन-मकान में लगा? अयोध्या में दो और कर्मी पकड़े गए: सूत्र

अयोध्या के श्री राम मंदिर में चढ़ावे की चोरी के मामले में ट्रस्ट के दो और कर्मचारियों को पकड़ा गया है, जिन्होंने चोरी के पैसे से करोड़ों रुपये की जमीन और मकान खरीदे हैं। जांच एजेंसियों और पुलिस सूत्रों के अनुसार, इन कर्मचारियों का मासिक वेतन मात्र 18 से 20 हजार रुपये था, लेकिन हाल ही में इन्होंने करोड़ों की संपत्तियां अपने नाम की थीं। इस मामले से जुड़ी मुख्य जानकारियां इस प्रकार हैं: संदिग्ध कर्मचारी और खरीदी गई संपत्तियां लवकुश मिश्रा : मंदिर के दान-गिनती विभाग (कैलकुलेशन रूम) में काम करने वाले इस कर्मचारी को हिरासत में लिया गया है। इसने अयोध्या में 40 लाख रुपये का एक भूखंड खरीदा और उस पर मकान का निर्माण शुरू करवाया। छापेमारी के दौरान इसके घर से करीब 10 लाख रुपये की नकदी भी बरामद की गई है, जिसे अलमारी और गोबर के ढेर में छुपाकर रखा गया था।   तिवारी (गर्भगृह कर्मी) : राम मंदिर के गर्भगृह में तैनात इस कर्मी के पास भक्तों द्वारा चढ़ाए गए सोने-चांदी के आभूषणों को इकट्ठा करने की जिम्मेदारी थी। इसने कुछ महीने पहले अयोध्या में 1.5 करोड़ रुपये की महंगी जमीन खरीदी थी। जांच और बड़ी कार्रव...

16 से कम उम्र के बच्चों के लिए बैन होगा सोशल मीडिया!

कोर्ट की टिप्पणी ने एक नई बहस छेड़ दी है कि क्या भारत में भी बच्चों के लिए फेसबुक-इंस्टाग्राम के दरवाजे बंद होने वाले हैं?" मदुरै (तमिलनाडु): सोशल मीडिया की दुनिया बच्चों की मासूमियत के लिए अब एक बड़ा खतरा बनती जा रही है. अश्लील सामग्री की आसान पहुंच और रील की लत से बच्चों को बचाने के लिए अब मद्रास हाई कोर्ट ने एक बेहद सख्त रुख अपनाया है. ऑस्ट्रेलिया में 16 साल से कम उम्र के बच्चों पर लगे सोशल मीडिया बैन का उदाहरण देते हुए अदालत ने केंद्र सरकार से भारत में भी इसी तरह की पाबंदी लागू करने पर विचार करने को कहा है. मद्रास उच्च न्यायालय की मदुरै पीठ ने केंद्र सरकार को 16 साल से कम उम्र के बच्चों के सोशल मीडिया वेबसाइटों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाने की सलाह दी है. न्यायमूर्ति जी. जयचंद्रन और न्यायमूर्ति के.के. रामकृष्णन की पीठ ने याचिका पर सुनवाई की. केंद्र और राज्य सरकारों ने इस मामले पर अपने तर्क पेश किए. सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायाधीशों ने अपना आदेश जारी किया. पीठ ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा 2017 में जारी आदेश के अनुसार, यह पुष्टि हो चुकी है कि ऐसे विवादास्पद और अश्लील ...