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Showing posts from June, 2025

सुल्तानपुर सराफा डकैती कांड: एसटीएफ सीओ डीके शाही का कोर्ट में दर्ज हुआ बयान...

  28 अगस्त 2024 को कोतवाली नगर के अति व्यस्ततम चौक ठठेरी बाजार क्षेत्र में भरत जी की सराफा दुकान से दिनदहाड़े असलहे की नोक पर करोड़ों की डकैती हुई । घटना के अगले ही दिन यानी 29 अगस्त को बदमाशों की गैंग के सरगना विपिन सिंह ने रायबरेली कोर्ट में सरेंडर कर दिया था। सीओ ने फाइनल रिपोर्ट स्वीकार करने पर जताई अनापत्ति,पत्रावली सुरक्षित, सराफा डकैती कांड के आरोपी मंगेश यादव व उसके अज्ञात साथी के जरिये मुठभेड़ के दौरान पुलिस टीम पर फायरिंग के आरोप से जुड़े मामले में दाखिल फाइनल रिपोर्ट पर हुई सुनवाई, जौनपुर सीजेएम कोर्ट ने तत्कालीन एसपी,एसटीएफ सीओ समेत अन्य के खिलाफ मंगेश यादव की हत्या के आरोप से जुड़ी अर्जी में डीआईजी अयोध्या से तलब की है रिपोर्ट,30 को पेशी सुल्तानपुर/जौनपुर। सराफा डकैती कांड के आरोपी मंगेश यादव व उसके अज्ञात साथी के जरिए पुलिस टीम पर हुए हमले के आरोप से जुड़े केस में दाखिल फाइनल रिपोर्ट पर बृहस्पतिवार को  एसीजेएम प्रथम की अदालत में सुनवाई चली। कोर्ट में एसटीएफ सीओ डीके शाही ने अपना बयान दर्ज कराया। न्यायाधीश शुभम वर्मा ने बयान दर्ज कर पत्रावली अग्रिम आदेश के लिए सुरक्षि...

गला काटा, फिर शव को सूटकेस में रखकर सीमेंट का प्लास्टर किया, रिटायर ASI के बेटे-बहू ने मेरठ जैसी वारदात को दिया अंजाम !!

मृतक युवक की पहचान किशोर पैंकरा के रूप में हुई है। इस पूरी वरादात का मास्टरमाइंड अंकित उपाध्याय है। वह पेशे से वकील भी है। लाश फेंकने ले जाते वक्त पति और पत्नी CCTV कैमरे में कैद हुए थे। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों रायपुर एयरपोर्ट से दिल्ली फरार हो गए थे !! पुलिस के अनुसार, रायपुर के रायपुरा की इंद्रप्रस्थ कॉलोनी फेज-2 के पास पेटी में रखकर युवक की लाश फेंकी गई है। सोमवार दोपहर बाद से पूरे इलाके में गंध आने लगी। शाम तक गंध और बढ़ गई जिसके बाद स्थानीय लोगों ने इसके बारे में पुलिस को जानकारी दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब ट्रंक खुलवाया तो लाश सूटकेस में ठूंसी हुई मिली !! "सूटकेस में सीमेंट का प्लास्टर था" कहा जा रहा है कि सीमेंट का मोटा प्लास्टर करने से लाश सड़ने पर दुर्गंध नहीं उठती। हत्यारों ने इसी वजह से कत्ल के बाद लाश को ट्रंक में ठूंसा, फिर उसमें सीमेंट का प्लास्टर कर दिया। इसके बाद चेन लगाकर सूटकेस बंद किया, फिर भी जब दुर्गंध उठने लगी तो पकड़े जाने के डर से सूटकेस को पेटी में रखकर इंद्रप्रस्थ के सुनसान इलाके में फेंक दिया !! "मेरठ में भी आया था ऐसा मामला" ...

लोकनिर्माण विभाग सीडी 3 में शासनादेश के विरुद्ध तैनात सहायक अभियंता दुर्गेश कुमार की मुख्यमंत्री कार्यालय में हुई शिकायत, जांच के आदेश

उत्तर प्रदेश सरकार के आला वज़ीर द्वारा जारी ट्रांसफर नीति की जमकर उड़ाई जा रही धज्जी से जुड़े मामले की मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से हुई शिकायत. शिकायतकर्ता दुर्गेश कुमार मिश्रा ने सीएम योगी को चिठ्ठी लिख मानकों को ताक पर रखकर जीओ व शासनादेश के बावजूद सुल्तानपुर जिले के लोक निर्माण विभाग (PWD) में घोर लापरवाही और रसूखदारी का मामला लाया सामने जिसमें वर्तमान तैनाती के दौरान भ्रष्टाचार व आय से अधिक सम्पत्ति अर्जित करने जैसे गम्भीर आरोप लगाते हुए हाईलेवल इंक्वायरी की मांग । CD-3 डिवीजन के सहायक अभियंता दुर्गेश कुमार वर्ष 2017 में तैनाती के बाद पुनः 2019 को एक बार फिर से हुई पद पर तैनाती, जिससे राज्य सरकार के जीरो टॉलरेंस नीति के आदेशों की खुलेआम अवहेलना की चर्चाएं सरेआम ।  सुल्तानपुर: शासन के स्पष्ट निर्देश के बावजूद कोई भी अधिकारी अथवा कर्मचारी तीन वर्ष से अधिक समय तक एक ही स्थान पर तैनात नहीं रहेगा बरकरार,सीडी 3 डिवीजन के सहायक अभियंता दुर्गेश कुमार की रिपोस्टिंग बनी जीरो टॉलरेंस नीति पर सवाल । 2019 से दुर्गेश कुमार की लगातार 6 वर्षों से एक ही कुर्सी पर तैनाती योगी आदित्यनाथ के ट्रां...

...जब संडे पहली बार छुट्टी का दिन घोषित हुआ

 📜 10 जून 📜क्या आप जानते हैं कि हमारा संडे कभी वर्किंग डे हुआ करता था और साल 1890 में आज ही के दिन इसे साप्ताहिक अवकाश घोषित किया गया था... >> जब संडे पहली बार छुट्टी का दिन घोषित हुआ << क्या आपके साथ भी ऐसा होता है कि संडे आते ही आपकी बांछें खिल जाती हैं. आप देर तक सोते हैं और अपने सारे पेंडिंग काम निपटाते हैं, तो हम आपकी जानकारी के लिए बता दें के साल 1890 से पहले ऐसी व्यवस्था नहीं थी. साल 1890 में 10 जून वो दिन था, जब रविवार को साप्ताहिक अवकाश के रूप में चुना गया. 1. ब्रिटिश शासन के दौरान मिल मजदूरों को हफ्ते में सातों दिन काम करना पड़ता था. 2. यूनियन नेता नारायण मेघाजी लोखंडे ने पहले साप्ताहिक अवकाश का प्रस्ताव किया, जिसे नामंजूर कर दिया गया. 3. अंग्रेजी हुकूमत से 7 साल की सघन लड़ाई के बाद अंग्रेज रविवार को सभी के लिए साप्ताहिक अवकाश बनाने पर राजी हुए. 4. इससे पहले सिर्फ सरकारी कर्मचारियों को छुट्टी मिलती थी. 5. दुनिया में इस दिन छुट्टी की शुरुआत इसलिए हुई, क्योंकि ये ईसाइयों के लिए गिरिजाघर जाकर प्रार्थना करने का दिन होता है. >> साप्ताहिक छुट्टी के लिए उठाई ...